जिले के आकांक्षी प्रखंड कार्यक्रम में शामिल कुदरा में संपूर्णता अभियान के कार्यों को बेहतर प्रदर्शन हेतु नीति आयोग की सराहना प्राप्त हुई है।कैमुर डीएम सावन कुमार द्वारा जिला प्रशासन की पूरी टीम को बधाई प्रेषित किया गया है तथा कुदरा के अच्छे कार्यों से प्रेरणा लेकर जिले के अन्य प्रखंड को भी वांछित लक्ष्य को जल्द प्राप्त करने का निर्देश दिया गया है।
बताते चलें कि जुलाई 2024 में रामपुर प्रखंड में सावन कुमार, जिला पदाधिकारी, कैमूर की अध्यक्षता मे आकांक्षी प्रखंड कार्यक्रम अन्तर्गत ‘‘संपूर्णता अभियान‘‘ कार्यक्रम का उद्घाटन किया गया था। उक्त अवसर पर जिला पदाधिकारी द्वारा बताया गया था कि यह कार्यक्रम नीति आयोग द्वारा 2018 मे पूरे देश के 112 जिलों मे शुरू किया गया है,
जिसमे से बिहार के 13 जिले चयनित है।इन जिलो के विकास की सफलता को देखते हुए नीति आयोग द्वारा वर्ष 2023 मे पूरे भारतवर्ष के 500 प्रखंडों मे आकांक्षी प्रखंड कार्यक्रम प्रारम्भ किया गया, जिसमे बिहार के 27 जिलो के 61 प्रखंडो का चयन किया गया है, जिसमे कैमूर जिलान्तर्गत 5 प्रखंडो (यथाः- रामपुर, भगवानपुर, चॉद, कुदरा एवं रामगढ़) का चयन किया गया है।
विकास के कई पैमानों पर पिछड़े प्रखंडों को आगे लाने के लिए शुरू की गई आकांक्षी जिला कार्यक्रम के तहत प्रखंडों के चयन के लिए नीति आयोग ने एक मानक तय किया है।प्रखंडों का चयन करने के लिए नीति आयोग ने प्रति व्यक्ति आय और जनसंख्या का आधार बनाया है। आकांक्षी जिले की तरह ही विकास के कई पैमानों पर पिछड़े इन प्रखंडों में स्वास्थ्य व पोषण, शिक्षा,कृषि व जल संसाधन, वित्तीय समावेशन व कौशल विकास जैसे इंडिकेटर पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।
तब उप विकास आयुक्त ज्ञान प्रकाश ने बताया था कि हम लोग मिशन मोड के तहत आकांक्षी प्रखंड के सभी इंडिकेटर में उच्च स्थान जल्द ही प्राप्त कर लेंगे।तब से लगातार जिला पदाधिकारी के निर्देशन में उप विकास आयुक्त तथा उनकी पूरी टीम इस कार्य में मनोयोग से लगा हुआ था।लगभग तीन महीने के कठिन परिश्रम के बाद वांछित सफलता मिली है।
इस कार्यक्रम के अन्तर्गत स्वास्थ्य एवं पोषण, शिक्षा, कृषि, आधारभूत संरचना, सामाजिक विकास जैसे क्षेत्रों के 39 संकेतकों को शामिल किया गया है। वर्तमान मे नीति आयोग द्वारा स्वास्थ्य एवं पोषण के 4 संकेतको यथा गर्भवती महिलाओं के लिए समय पर प्रसव पूर्व देखभाल,सभी के लिए नियमित मधुमेह की जाँच,सभी के लिए नियमित रक्तचाप की जाँच,गर्भवती महिलाओं के लिए पूरक पोषण आदि को भी शामिल किया गया है।
उन्होंने बताया कि कृषि क्षेत्र मे मृदा स्वास्थ्य कार्ड का वितरण एवं सामाजिक विकास मे स्वयं सहायता समूहो के लिए पारिक्रमिक निधि जैसे संकेतो को अगले 90 दिनो मे 100% संतृप्ति प्राप्त करने का कार्यक्रम प्रारम्भ किया गया है। इस योजना के तहत प्रखंड में मिट्टी जांच के आंकड़े भी लिए जाने हैं। उन्होंने बताया कि हमारा प्रयास है की आकांक्षी प्रखंड के सभी इंडिकेटर पर कैमूर जिले के प्रखंड खरे उतरे।
![]()
Discover more from जन विचार
Subscribe to get the latest posts sent to your email.




